Sunday, September 30, 2012

फूलों से नाम

आज फूलों से लि‍खा है
साथ तुम्‍हारे
अपना भी नाम
तुम तो नहीं हो
चलो आज
इन फूलों से ही
दि‍ल बहला लूं अपना.....

7 comments:

Anupama Tripathi said...

सुकोमल ...शांत सी ...बहुत प्यारी सी अभिव्यक्ति ...

काव्य संसार said...

अति सुंदर |कम शब्दों मे भी भावों से भरी |
इस समूहिक ब्लॉग में पधारें और हुमसे जुड़ें |
काव्य का संसार

शालिनी कौशिक said...

सुन्दर प्रस्तुति बधाई .उत्तर प्रदेश सरकार राजनीति छोड़ जमीनी हकीकत से जुड़े

HEY PRABHU YEH TERA PATH said...

sunder....

प्रेम सरोवर said...

बहुत सुंदर पोस्ट। मेरे नए पोस्ट पर आपका आमंत्रण है। धन्यवाद।

"अनंत" अरुन शर्मा said...

सुन्दर रचना

HARSHVARDHAN SRIVASTAV said...

अति - सुन्दर।
मेरे नए पोस्ट "श्रद्धांजलि : सदाबहार देव आनंद" को भी एक बार अवश्य पढ़े। धन्यवाद
मेरा ब्लॉग पता है:- Harshprachar.blogspot.com